निशंक न्यूज।
कानपुर। कुछ दबंग एक वृद्ध महिला के कमरे में कब्जा कर लेते है। जानकारी पर विधवा अधिकारियों की चौखट पर जाती है तो अधिकारी जांच कर वृद्धा को न्याय दिलाने के निर्देश देते है। लेकिन दबंगों व क्षेत्र के एक दरोगा के बीच की यारी अधिकारियों के आदेश पर भी भारी पड़ती है, और वृद्धा को चौकी से ही वापस कर दिया जाता है। यही नही वृद्धा के शिकायती पत्र पर पुलिस यह रिपोर्ट लगा देती है कि वृद्धा के कमरे में उसके भतीजे ही रह रहे है। वृद्धा अपनी छत पाने के लिए फिर से अफसरों की चौखट पर चक्कर लगा रही है।
कमरे में ताला डाला विधवा को पीटा

दबंगों और पुलिस के बीच की यारी का यह मामला ग्वालटोली थाना क्षेत्र का है। पुलिस अधिकारियों को दिए शिकायती प्रार्थना पत्र में ग्वालटोली थाना क्षेत्र के तहत 10/1 खलासी लाइन में रहने वाली 70 वर्षीय शान्ती चौहान का कहना है कि वह विधवा है और यहां एक कमरे में जन्म से ही रह रही थी। करीब एक वर्ष पहले उसके पड़ोस में ही रहने वाले दो युवको ने उस पर कमरा खाली करने का दबाव बनाया एेसा न करने पर इन दोनो ने उसे बुरी तरह पीटा। जिससे उसे चोटे आयी। मारपीट से घबराकर वह अपना उपचार कराने के लिए मेरठ में रहने वाली अपनी बहन के घर चली गयी। तब उसने चौकी में शिकायत की थी, लेकिन चौकी प्रभारी ने गम्भीर चोट आने के बाद भी उसका मेडिकल नही कराया और हमलावरों का पक्ष लेते हुए कमरा खाली करने का दबाव बनाया।
पुलिस आयुक्त ने गंभीरता से सुनी थी बात
वृद्धा का आरोप है कि इसी वर्ष जून माह में उसे जानकारी मिली कि उसके साथ मारपीट करने वालो ने ताला तोड़कर उसके कमरे में रखा सामान गायब कर दिया और मकान में अपना ताला डाल दिया। जानकारी मिलते ही वह लौटकर यहां पहुंची और खलासी लाइन चौकी में घटना की जानकारी दी। लेकिन न तो पुलिस न ही चौकी प्रभारी कोई मौके पर जांच करने के लिए भी नही पहुंचा। परेशान होकर उसने 15 जून को उसने पुलिस आयुक्त को अपने साथ हुई घटना बताकर न्याय की गुहार की। महिला का कहना है कि पुलिस आयुक्त ने उनकी बात को गम्भीरता से लेकर थाना प्रभारी से बात की। इसके बाद थाना प्रभारी ने मौके पर जाकर उसके कमरे में दबंगों द्वारा लगाया गया ताला खुलवाकर उसका ताला डलवा दिया।
थाना प्रभारी ने ताला डलवाया चौकी पुलिस ने लगवा दिया दूसरा ताला
महिला को उम्मीद थी कि अब वह अपने कमरे में रह सकेगी। लेकिन थाना प्रभारी द्वारा महिला को कमरे का कब्जा दिलाने के दूसरे ही दिन चौकी प्रभारी उसके साथ मारपीट करने के आरोपियों के साथ मौके पर पहुंचे और उसके ताले के ऊपर इन लोगो का भी ताला डलवा दिया। इस पर उसने 112 नम्बर पर पुलिस को सूचना दी और चौकी पहुंची तो यहां पुलिस कर्मियों ने अभद्रता करते हुए भगा दिया। इसके बाद से महिला न्याय पाने के लिए भटक रही है। इस बीच एक दिन कमरे पर ताला डालने वालो ने उसे कमरा छोड़कर कही और चले जाने के लिए धमकाया भी। इसके बाद भी चौकी पुलिस द्वारा न तो हमलावरो पर कार्रवाई की गयी न ही उसके कमरे में कब्जा दिलाया गया। महिला ने इस प्रकरण की जांच एसीपी स्तर से कराने की मांग की है। उसका कहना है कि अगर उसके साथ कोई घटना होती है तो उसके लिए खलासी लाइन चौकी प्रभारी जिम्मेदार होंगे।
भतीजे से चल रहा है विवाद
इस संबंध में खलासी लाइन चौकी प्रभारी सनोज पटेल का कहना है कि महिला और उनके भतीजों के बीच एक कमरे को लेकर विवाद चल रहा है। भतीजों का कहना है कि महिला घर में रहे आकर लेकिन महिला इनके साथ रहने को तैयार नहीं है और अधिकारियों के यहां प्रार्थना पत्र दे रही है दरोगा जी जांच करने गये थे जांच में क्या निकला यह दरोगा जी ही बता पाएंगे।