निशंक न्यूज।
कानपुर। रावतपुर में स्थित नमक फैक्ट्री चौराहा अव पटेल चौक के नाम से जाना जाएगा। इस परिवर्तित नाम के बाद विधायक सुरेंद्र मैथानी ने, सरदार वल्लभभाई पटेल के नाम से नमक फैक्ट्री चौराहा के नए परिवर्तित नाम पटेल चौक के जीर्णोद्धार एवं सुंदर कराकर पटेल जी की जीवंत प्रतिमा लगाकर आज उसका अनावरण कर जनता को समर्पित किया।
यहां मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए विधायक श्री मैथानी ने कहा कि पूर्व में नमक फैक्ट्री चौराहा नाम से चौराहे के नाम पटेल चौक करके उस पर पटेल जी की मूर्ति लगाकर और चौराहे का सुंदरीकरण करके, आज गणेश चतुर्थी के अवसर पर पटेल जी की मूर्ति का अनावरण कर जनता को सौप रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल यदि इस देश के प्रधानमंत्री होते तो पहलगाम जैसी घटना, बैंगलोर जैसा बम विस्फोट, मुंबई जैसा बम विस्फोट, कानपुर के आर्य नगर जैसा बम विस्फोट और देश में आतंकी गतिविधियों तथा अस्थिरता पैदा नहीं होती। जो कांग्रेस ने धोखे से सरदार पटेल को प्रधानमंत्री बनने से वंचित कर दिया और स्वयं जवाहरलाल नेहरू प्रधानमंत्री हो गए। पूरे देश की भावनाएं पटेल जी के साथ थी,परंतु कांग्रेस ने अपना चाल चरित्र चेहरा दिखाकर, पूरे देश को गुमराह कर 70 साल तक कांग्रेस के राज में, मजबूर रहने के लिए और आजादी का मतलब नहीं समझने देने का घृणित कार्य किया। यदि सरदार पटेल देश के प्रधानमंत्री होते तो आज देश की स्थिति कुछ और होती।

विधायक ने कहा कि प्रतिवर्ष पटेल जी के जन्म जयंती एवं निर्माण दिवस को उक्त पटेल चौक पर भी मनाने का कार्य किया जाएगा और आने वाली पीढ़ी को सरदार पटेल जी के विचारों से अवगत कराया जाएगा। यहां उपस्थित पटेल महिला सेवा समिति संस्था की अध्यक्ष नमिता पटेल तथा लखनऊ से आए पटेल समाज के प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप पटेल तथा पुणे से आए महामंत्री आशीष पटेल जी से आग्रह किया कि प्रतिवर्ष इन कार्यक्रमों में शामिल होते रहे, यह हमारा आमंत्रण अभी से ही स्वीकार करें और हम सब लोग भी पटेल जी के नाम से सेवा के कार्य प्रारंभ करेंगे, जिसमें अपनी सहभागिता भी सुनिश्चित करें।
अवसर पर मंडल अध्यक्ष दीपक शुक्ला पार्षद गण;मंजू कुशवाहा, कमलेश त्रिवेदी, नीरज कुरील ,विनय शुक्ला तथा श्रीमती नमिता पटेल, अनुराधा पटेल, उषा पटेल, प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप पटेल एवं महामंत्री आशीष पटेल, शुभम वर्मा, पदम सिंह, वीणा उत्तम, रेखा कनौजिया, राम कटियार, अरुण प्रभा, सुमन कटियार, राम कुमारी, केश कांति, राजा पंडित आदि लोग मौजूद रहे।