निशंक न्यूज
कानपुर। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) ने पिछड़े, अतिपिछड़े, दलित एवं अतिदलित समाज के विरुद्ध कथित जातिसूचक एवं अपमानजनक टिप्पणियों को लेकर गंभीर आपत्ति जताई है। पार्टी ने समाजवादी पार्टी (सपा) के नेतृत्व पर इन टिप्पणियों के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सुभासपा ने सौंपा ज्ञापन, कई मांगे उठाईं
पार्टी के जिलाध्यक्ष सोहन लाल कोल ने शुक्रवार को जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि सपा के कुछ सांसदों, नेताओं और समर्थकों द्वारा लगातार जातिसूचक एवं अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया जा रहा है, जिससे समाज के वंचित वर्गों में गहरा आक्रोश है।
ज्ञापन में विशेष रूप से सपा नेता शिवपाल यादव द्वारा की गई कथित टिप्पणियों पर नाराजगी व्यक्त की गई है, जिसमें संघर्षरत वर्गों को ‘छोटी जाति’ व ‘नीच जाति’ से संबंधित बताया गया। पार्टी ने इसे संविधान की मूल भावना, समानता एवं सामाजिक न्याय के विरुद्ध बताया है.
बिना शर्त माफी और कार्रवाई की चेतावनी
सोहन लाल कोल ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि यदि सपा ने इन अपशब्दों पर बिना शर्त माफी नहीं मांगी तो सुभासपा लखनऊ विधान सभा पहुंचकर सपा को घेरने का काम करेगी। उन्होंने सरकार से मांग की कि सोशल मीडिया पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने वालों के खिलाफ साइबर कानून के तहत कार्रवाई की जाए और किसी भी राजनीतिक दबाव में शिकायतों को दबाया न जाए.
ज्ञापन की एक प्रति मुख्यमंत्री कार्यालय को भी भेजी गई है। पार्टी ने सरकार से आग्रह किया है कि दोषियों के खिलाफ गंभीरता से जांच कर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों को क्षति न पहुंचे.
